Mob. & WhatsApp No.: 85619-55619 (10AM to 10 PM)

स्वास्थ्य की अनदेखी नहीं करें, तुरंत स्थानीय डॉक्टर (Local Doctor) से सम्पर्क करें। हां यदि आप स्थानीय डॉक्टर्स से इलाज करवाकर थक चुके हैं, तो आप मेरे निम्न हेल्थ वाट्सएप पर अपनी बीमारी की डिटेल और अपना नाम-पता लिखकर भेजें और घर बैठे आॅन लाइन स्वास्थ्य परामर्श प्राप्त करें।

Online Dr. P.L. Meena (डॉ. पुरुषोत्तम लाल मीणा)

Health Care Friend and Marital Dispute Consultant

(स्वास्थ्य रक्षक सक्षा एवं दाम्पत्य विवाद सलाहकार ),

Mobile & WhatsApp No.: 85619-55619 (10AM to 10 PM)

हड़जोड़

TUESDAY, JANUARY 12, 2016

हर जोर का बैग्यानिक नाम है रिलीस कटरा पाटन गुजरातचेहरा चेंजइसकी बेटी हर जाति की होती है इसका उपयोग टूटी हुई हड्डी को जोड़ने में किए जाने के कारण इसका नाम हर जोर है इसको हिंदी में अच्छी संघार के नाम से जाना जाता है संस्कृत में कोशिश टू घंटी किया बंदर बिल्ली इसको कहा जाता है और गुजराती में बेदारी मराठी में कंध वेद बंगाली में हार बंद मराठी में जहाज जो भी कहा जाता है तेलुगु में भववा डबल जी के नाम से उसको जानते हैं यह पौधा पूरे भारतवर्ष में पाया जाता है इस दिल में 46 अंगूर पर घाटे होती है जैसे तू घर का पौधा होता है ठीक उसी तरह यह होता है लेकिन तू हर की चौड़ाई कुछ ज्यादा होती है वह मोटा होता है यह बिल्कुल उंगली के बराबर पतला होता है इसका डंठल करवादी होता है लेकिन इसका सबसे प्रमुख यूज़ जो है यह आंखों के सारे लोगों को खत्म करता है टूटी हड्डी को जोड़ने के लिए इसका उपयोग किस तरह से आप कर सकते हैं सबसे पहले हाथ जोड़ की नर्म लकड़ी का टिकट ले करके उसे बारीक पीसना उसने बराबर मात्रा में उड़द की दाल वन मिला दे उड़द की दाल ही बारीक पीसना और दोनों को मिलाकर किसी भी टूटी हड्डी के ऊपर सिंघाड़ा लेट कपड़ा लपेटकर के कपड़े से बांध देंगे तो हड्डी जोड़ जाती है यह लेप हर तीसरे दिन बदलते तीसरे दिन फिर से ले कर के फिर उसको पांडे की तरह से करने से एक महीने के अंदर ही हड्डी जोड़ जाती है और हड्डी टूटने का जो दर्द होता है वह तो एक हफ्ते में ही समाप्त हो जाता है लेकिन सिर्फ हड्डी जोड़ने के लिए ही इसका उपयोग नहीं होता यह पेट की गैस के दर्द को भी यह खत्म करता है अक्सर अक्सर एक उम्र के बाद पेट में दर्द होने लगता है साक्षअक्सर लोग प्लीपीठ के दर्द के कारण ठीक से सो नहीं पाते ।इस तरह की हालत में हाड़जोड़ की लकडी पीस कर के उसको पोस्टपीठ पर लेप कर दीजिए या पीठ पर उसकी मालिश कर दीजिए पीठ का दर्द खत्म हो जाता है यह इसका सबसे उपयोगी गुण है ।
इसे और भी बहुत सारी बीमारियों से सही होती है कुछ बीमारियों के बारे में बता रही हूं -------
अगर अनियमित मासिक धर्म है तो इसके तने का रस दीजिए इसके तने का रस आप दो चम्मच लीजिए पांच सात दिन तक पीने से काफी लाभ आपको मिलेगा ।

इसके अलावा अगर गठिया है तो हर जोड़ की लकड़ी का टुकड़ा और उड़द की दाल पीस कर के पकौड़ी तिल के तेल में पकौड़ी बनाइए और उसको खा लीजिएगा और तुलगातार एक महीने खाने से गठिया जड़ से खत्म हो जाता है ।
अगर किसी के दर्द हो रहा है तो हड़ जोड़ के पत्ते और इसकी कोपल का पाउडर हर जोड़ के पतिऔर उसके तने के ऊपर वाली भाई ऊपर वाले का पाउडर पीस कर केसे पानी के साथ साथ दीजिए को वस्त्र बंद हो जाती है ।
अगर कान में दर्द हो रहा है बिस्कुट का रस निकालकर के दो बूंद कान में डाल दीजिए तुरंत आराम मिलता है ।

अगर मसूड़ों में सूजन आ गई है तू इसमें भी हर जोर बहुत काम करता है ए 10 ग्राम के रस को एक चम्मच शक्कर में मिलाकर पर चढ़ा दीजिए मसूड़ों की सूजन खत्म हो जाएगी ।यह काम आप को कम से कम एक 11 दिन करना चाहिए चरणों की सूजन अब अपने आप खत्म हो जाएगी।
अगर पेट में दर्द हो रहा है तो हड़जोड़ की 4 या 5 शाखा को चुने के पानी में उबाल लीजिये ।फिर उस पानी को छान कर पिला दीजिये।
यह औषधि ताकत भी प्रदान करती है ।5 ग्राम की मात्र में इसके चूर्ण को पानी के साथ लेने से अनोखे बल की प्राप्ति होती है।
बी भूख बढ़ानी हो तो हड़जोड़ सेंक कर उसकी चटनी बनाकर खाएं।
किसी को दमे वाली खांसी हो तो प्रतिदिन इसके ताने का 2 चम्मच रास पिलायें ।2 माह में टी बी या दमा जड़ से ख़त्म हो जायेगा।
खाना देर से हजम हो रहा हो तो हड़जोड़ का 2 ग्राम चूर्ण और सोंठ का 2 ग्राम चूर्ण मिलाकर पानी से निगलिये लगभग 12 दिनों तक ।
पूरे बदन में दर्द हो रहा हो तो बिस्तर पर हड़जोड़ की मुलायम टहनियों को बिछा कर उन पर सोने की सलाह आयुर्वेद देता है।
इसका वैज्ञानिक नाम है Vitis Quadrangularis.
इन आलेखों में पूर्व विद्वानों द्वारा बताये गये ज्ञान को समेट कर आपके समक्ष सरल भाषा में प्रस्तुत करने का छोटा सा प्रयत्न मात्र है .औषध प्रयोग से पूर्व किसी मान्यताप्राप्त हकीम या वैद्य से सलाह लेना आपके हित में उचित होगा.
==========
हड़जोड़
Author : डॉ.रूपेश श्रीवास्तव (Dr.Rupesh Shrivastava)
यह है हड़जोड़ नामक वनस्पति का चित्र जिसमें आप देख सकते है कि इसमें पत्ते आदि नहीं रहते

हड़जोड़ (जिसे अस्थिश्रंगार भी कहते हैं यह एक बेल होती है जो कि ऐसा लगता है कि उंगलियों से जुड़-जुड़ कर बनी हो) को सुखा कर बारीक चूर्ण करके छान लीजिये और इस चूर्ण में से दो चुटकी लेकर एक मुनक्के में भर दीजिये और पानी से निगलवा दीजिये। यह दिन में दो बार दीजिये ध्यान रहे कि चूर्ण मुंह में न लगने पाए इसी लिये मुनक्के में भर कर दिया जाता है अन्यथा मुंह में हल्की सी चुनचुनाहट का अनुभव होने लगता है और किसी किसी नाजुक मरीज को छाले हो जाते हैं। बस पंद्रह दिन का उपचार ही चमत्कार दिखा देगा और आप आयुर्वेद की प्रशंसा करते नहीं थकेंगे। सारी समस्याएं इन दवाओं से ही हल हो जाएंगी।
==========
हडजोड – जोड़ों के दर्द में लाभप्रद वनस्पतीय प्रयोग
जोड़ों के दर्द में लाभप्रद वनस्पतीय प्रयोग

प्रश्न: जोड़ों के दर्द से परेशान हूँ। कई उपाय किये पर सफलता कम ही मिली। ऐसी वनस्पति सुझायें जिसे कि भोजन के रूप मे या भोजन के साथ प्रयोग किया जा सके।

उत्तर: आपके प्रश्न के लिये धन्यवाद। हमारी पारम्परिक चिकित्सा प्रणालियो मे जोड़ों के दर्द के लिये बहुत सी वनस्पतियाँ सुझायी गयी है। पर इन सब का प्रयोग उतना आसान नही है, जितना कि लगता है। यही कारण है कि जब हम अपने मर्जी या अकुशल विशेषज्ञ के मार्गदर्शन मे इनका प्रयोग करते है तो सफलता नही मिलती है। फिर हमारे मन की चंचलता भी प्रेरित करती है कि हम जल्दी-जल्दी दवा बदलें। किसी भी दवा के प्रयोग मे जल्दी का रवैया नुकसान दायक हो सकता है।

आपने तो सुना ही होगा कि वनस्पतियाँ बोलती हैं। जी, आपने बिल्कुल सही पढ़ा। वनस्पतियाँ बोलती हैं और स्वयम बताती हैं कि वे किस रोग मे उपयोगी हैं। वनस्पतियाँ विशेष लोगो से नही बोलती हैं। सभी उनको सुन सकते हैं यदि सुनना चाहें तो। हड़जोड़ नामक वनस्पति भी बोलती है। आप पोस्ट पर प्रस्तुत दोनो चित्र देखे। इसके माँसल तने आपको मानव अस्थि की तरह दिखेंगे। यह वनस्पति इन माँसल तनों के माध्यम से यह बताती है कि अस्थि और जोड़ सम्बन्धी रोगो में इसकी उपयोगिता है। रोग की जटिल अवस्था में इसके प्रयोग के लिये विशेषज्ञ की सलाह चाहिये पर आरम्भिक अवस्था मे इसके साधारण प्रयोग से जोड़ों के दर्द से न केवल मुक्ति पायी जा सकती है, बल्कि इससे बचा भी जा सकता है। प्रयोग आसान है।
आप सब ने चावल से बना चीला तो खाया ही होगा। देश के अलग-अलग हिस्सो मे अलग-अलग प्रकार का चीला बनता है। आपको किसी भी प्रकार के चीले को बनाते समय इसके तने की दो सन्धियो के बीच के आधे भाग को कुचलकर घोल मे मिला लेना है और फिर यह विशेष चीला बनाकर खाना है। चलिये यदि आपके लिये चीला नया शब्द है तो इसके टुकडो को सूजी (रवे) या आटे के हलवे मे मिला कर उपयोग कर ले। सप्ताह मे छुट्टी के दिन एक बार इसे खायें। यह निश्चित ही लाभ करेगा। रोज या दिन मे कई बार मन से खाने का प्रयोग न करें।

देश के वे पारम्परिक चिकित्सक जो कि टूटी हड्डियो को जोड़ने मे माहिर हैं वे अन्य वनस्पतियों के साथ इसका बाहरी प्रयोग करते हैं। आधुनिक अनुसन्धान बताते हैं कि इसमे कैल्शियम की मात्रा अधिक होती है। पर इसके अलावा भी इसमें बहुत कुछ ऐसा होता है जिसके बारे मे आधुनिक विज्ञान जानने की कोशिश कर रहा है। हाल ही मे इसके एक अनोखे ग़ुण के आधार पर एक अमेरीकी पेटेण्ट सामने आया है। विशेषज्ञों ने पाया है कि यदि आप मनमर्जी वसा (फैट) खाने के बाद इसके विशेष तत्व को खा लें तो वसा शरीर मे रूके बिना मल के साथ बाहर निकल जाता है। यह तो मोटे और पेटू लोगों के लिये वरदान से कम नही है। भारत के पारम्परिक चिकित्सक इस बात को पहले से जानते थे पर जब हमारे देश में उनकी ही कद्र नही है तो उनके ज्ञान की कद्र कौन करेगा? नतीजा यह कि अब हमारे ज्ञान के लिये हमे पैसे खर्चने होंगे।

आप इस वनस्पति को आसानी से बागीचे मे लगा सकते हैं। मैने अपने घर मे आम के पेड के सहारे इसे लगाया है। यह प्रश्न का उत्तर लम्बा होता जा रहा है। पर कुछ दिनो पहले हड़जोड़ पर मैने लगातार आठ घंटे का व्याख्यान दिया। आप इससे अन्दाज लगा ही सकते है इसके विषय मे हमारे देश मे उपलब्ध समृध्द ज्ञान का।
साभार : पंकज अवधिया
==============

हड़जोड़:~~~~~~~'
वानस्पतिक नाम : Cissus quadrangularis)
यह लता हड्डियों को जोड़ती है।
इसको अस्थि श्रृंखला के नाम से जाना जाता है। यह छह इंच के खंडाकार चतुष्कोणीय तनेवाली लता होती है। हर खंड से एक अलग पौधा पनप सकता है। चतुष्कोणीय तने में हृदय के आकार वाली पत्तियां होती है। छोटे फूल लगते हैं। पत्तियां छोटी-छोटी होती है और लाल रंग के मटर के दाने के बराबर फल लगते हैं। यह बरसात में फूलती है और जाड़े में फल आते हैं।

दक्षिण भारत और श्रीलंका में इसके तने को साग के रूप में प्रयोग करते हैं।
-- हड़जोड़ में सोडियम, पोटैशियम और कैल्शियम कार्बोनेट भरपूर पाया जाता है। हड़जोड़ में कैल्शियम कार्बोनेट और फास्फेट होता है जो हड्डियों को मजबूत बनाता है। आयुर्वेद में टूटी हड्डी जोड़ने में इसे रामबाण माना गया है।
-- इसके तने को तेल में भुनकर हड्डी पर बांधने से जल्दी ठीक होती है |
--इसके अलावा कफ, वातनाशक होने के कारण बवासीर, वातरक्त, कृमिरोग, नाक से खून और कान बहने पर इसके स्वरस का प्रयोग होता है।
--मुख्य रूप से इसके तने का ही प्रयोग किया जाता है। 10 से 20 मिलीलीटर स्वरस की मात्रा निर्धारित है।
-- २ ग्राम हडजोड. का चूर्ण दिन में ३ बार लेने से और उसके रस को हड्डी पर लेप करने से हड्डियां जल्दी जुड़ जाती है |
-- इस चूर्ण में बराबर मात्र में सौंठ चूर्ण मिलाकर रखे , ३-४ ग्राम के मात्रा में पानी से लेने पर पाचन शक्ति बढती है |
-- रक्त प्रदर और मसिकस्राव अधिक होने पर इसके १० से २० मिली. रस में गोपीचंदन २ ग्राम ,घी एक चमच और शहद ४ चमच के साथ लेने से ठीक हो जाता है |
==========
हड़जोड़
रंग : हड़जोड़ का रंग भूरा होता है।
स्वाद : हड़जोड़ का स्वाद तीखा व कषैला होता है।
स्वरूप : हड़जोड़ की बेल होती है जिसमें हर 5 अंगुल में गांठ होती हैं और इसमें 3 या 4 धारी भी होती हैं।
स्वभाव : हड़जोड़ गर्म होती है।
मात्रा : 2 ग्राम।
गुण : हड़जोड़ की जड़ी बूटी टूटी हुई हडि्डयों को जोड़ देती है। यह पीने तथा लगाने दोनों ही के काम में आती है तथा यह वात और कफ का नाश करती है। गरम, दस्तावर और कीड़ों को मारती है। बवासीर को दूर करने के साथ ही यह आंखों की बीमारियों को भी दूर करती है। हलकी, रूखी और स्वादिष्ट होती है। वीर्य को भी बढ़ाती है। चौधारी हड़जोड़ भूनोपद्रव और प्रेत-बाधा को दूर करती है, दर्द को खत्म कर देती है। हड्डी के टूटने पर हड़जोड़ के तने को तेल में भून कर लगायें फिर प्लास्टर या खपच्ची बांध दें।
हड़जोड़ का विभिन्न रोगों में उपयोग : 
1. पाचनशक्तिवर्द्धक: हड़जोड़ का चूर्ण और सोंठ के चूर्ण को बराबर मात्रा में लेकर खाने से पेट की पाचनशक्ति बढ़ती है। 
2. रक्तप्रदर: रक्तप्रदर या मासिकस्राव की अधिकता में हड़संघारी (हड़जोड़वा) का रस 10 से 20 मिलीलीटर की मात्रा में सुबह-शाम गोपीचन्दन, घी और शहद के सेवन करने से बहुत अधिक लाभ मिलता है।
===========
उपचारक बाद में पहले—स्वास्थ्य रक्षक सखा
निवेदन : उपरोक्त पोस्ट में दी गयी जानकारी अच्छी लगे तो कृपया लेखक के उत्साहवर्धन के लिये एक कमेंट अवश्य करें। हमारे द्वारा पीलिया की दवाई मुफ्त में दी जाती है। जबकि-पैट में गैस, ऐसीडिटी, कब्जी, आँतों के अल्सर/छाले, लीवर/यकृत में सूजन/कमजोरी सिरदर्द, आधासीसी/माईग्रेन, पथरी, आसान और बिना सिजेरियन सुरक्षित प्रसव/डिलेवरी, विरह वेदना/प्रेम विछोह, डिप्रेशन, प्रदर, प्रमेह, शीघ्रपतन, यौन दुर्बलता, चिकनगुनिया/डेंगू के दर्द, सियाटिक आदि जटिल रोगों का बहुत कम खर्चे में उपचार किया जाता है। इसके अलावा दाम्पत्य विवाद समाधान के लिये भी सम्पर्क किया जा सकता है।नोट : कृपया उपचार के नाम पर गारण्टी देकर ठगने वालों से बचें और एक बार सेवा का मौका प्रदान करें। उपचारक बाद में पहले—स्वास्थ्य रक्षक सखा डॉ. पुरुषोत्तम मीणा-मोबाईल एवं वाट्स एप नम्बर : 9875066111.

2 comments:

  1. Hi
    Mai Rashmik vyas gujarat se..
    Hadjod mere paas bhi lagi hui hai..
    Kya mujhe 3 dhari ke bare me jankari mil sakti hai..??
    Uprokt jankari ke liye dhanyawad.
    Mob no. 09377138777

    ReplyDelete
  2. कृपया काम शक्ती के लिए इसकी मात्रा तथा विधि बताये।।

    ReplyDelete

--->--->श्रीमती जानकी पुरुषोत्तम मीणा जिनका 08 अप्रेल, 2012 को असमय निधन हो गया!

--->--->श्रीमती जानकी पुरुषोत्तम मीणा जिनका 08 अप्रेल, 2012 को असमय निधन हो गया!
सभी के स्वस्थ एवं सुदीर्घ जीवन की कामना के साथ-मेरे प्यारे और दुलारे तीन बच्चों की ममतामयी अद्वितीय माँ (मम्मी) जो दुखियों, जरूतमंदों और मूक जानवरों तक पर निश्छल प्यार लुटाने वाली एवं अति सामान्य जीवन जीने की आदी महिला थी! वह पाक कला में निपुण, उदार हृदया मितव्ययी गृहणी थी! मेरी ऐसी स्वर्गीय पत्नी "जानकी मीणा" की कभी न भुलाई जा सकने वाली असंख्य हृदयस्पर्शी यादों को चिरस्थायी बनाये रखते हुए इस ब्लॉग को आज दि. 08.08.12 को फिर से पाठकों के समक्ष समर्पित कर रहा हूँ!-डॉ. पुरुषोत्तम मीणा 'निरंकुश'

Label Cloud

(Tribulus Terrestris) 14 फरवरी Abutilon Indicum Aerva Lanat Allergy Aloevera Juice Alum Aluminum Amaranthus spinosus Ammonium chloride Appetite Argemone Mexicana Ash-coloured Fleabane Bael Ban Tulasi Bauhinia purpurea Bernini’s Cinema Bitter Gourd Black night shade Blumea Lacera Bone Infection Borax Calories Calories Chart Cancer Care Carrots Castor beans Chanca Piedra Cheese Chemotherapy Chenopodium Album Cholesterol Cleome viscosa Clerodendrum Phlomidis Clitoria Ternatea Colocynth Colpoptosis Constipation Convolvulus Pluricaulis Croton Bonplandianum Croton Sparsiflorus Cumin Date Palm Dengue Diabetes digestion Disorders Divorce Dog Mustard Dysentery Early Ejaculation Emblic Myrobalan Extramarital Relation Extremely Intolerance Fatty liver Femininity FENUGREEK Fenugreek Seeds Ferrum Phosphoricum Fever Fissure Fistula Folic Acid Gallbladder Gardenia Gummifera Garlic Ginger Gooseberry Gourd Groundnut-peanut Guava Hainampfer Hair Falling Headaches Health Health Care Friend Health Consultation Health Links Health Tips Hemorrhoids Hepatitis Hibiscus Homeopathic Homeopathy Homoeopath Honey How to get pregnant? Immunity IMPOTENCY Incurable indigestion Jaundice Juice Juice of Berries LAND CALTROPS Lemon Leucas Aspera Leucorrhea Lever Liver Cirrhosis Liver fibrosis Low Blood Pressure Marital Dispute Consultant Masturbation Mexican Daisy Mexican Poppy Migraine Migraines Myopia Neurons Night Jasmine Nutgrass Nutmeg Nutsedge Obesity Omega 3 Oroxylum indicum Painkillers Phyllanthus Niruri Piles Portulaca Oleracea Pregnancy Safe-Guard Pregnancy Safeguard Pregnancy-Safe-Guard Premature Ejaculation Prostate Gland Protein Purple Nutsedge Raan Tulas Radish Rectal Collapse Rectal Prolapse rectum collapse Saffron Senna occidentalis Separation Sex Sexual Power Sickness side effects less Side-Effects Sperms Spiny Amaranth Stone Breaker Sword fruit tree TECOMA STANS Thermometer Tickweed Tips Treatment of Incurable Tribulus Terrestris Tridax Procumbens Umbrella Sedge Unquenchable Conjugal Uterine Prolapse Vaginal Prolapse Vitamins Vitex Negundo White Discharge Yellow Spider Flower अंकुरित अनाज अंकुरित गेहूं-Wheat germ अंकुरित भोजन-Sprouts अखरोट अंगूर-Grapes अचूक चमत्कारिक चूर्ण अजवाइन अजवायन अजीर्ण-Indigestion अंडकोष अडूसा (वासा)-Adhatoda Vasika-Malabar nut अण्डी अतिबला अतिसार अतिसार-Diarrhea अतृप्त अतृप्त दाम्पत्य अत्यंत असहिष्णुता अदरक अदरख अंधश्रृद्धा अध्ययन अनिद्रा अपच अपराजिता अपराधबोध अफरा अफीम अमरूद अमृता अम्लपित्त-Pyrosis अरंडी अरणी अरण्ड अरण्डी अरलू अरुचि अरुचि-Anorexia-Distaste अर्जुन अर्थराइटिस अर्द्धसिरशूल अर्श अर्श रोग-बवासीर-Hemorrhoids-Piles अलसी अल्सर अल्सर-Ulcers अवसाद अवसाद-Depression अश्मःभेदः अश्वगंधा अश्वगंधा-Winter Cherry असंतुष्ट असफल असर नहीं असली अस्थमा अस्थमा-दमा-Asthma आइरन आक आकड़ा आघात आत्महत्या आंत्र कृमि आंत्रकृमि-Helminth आंत्रिक ज्वर-टायफाइड-Typhoid fever आधाशीशी आधासीसी आंधीझाड़ा-ओंगा-अपामार्ग-Prickly Chalf flower आमला आमवात आमाशय आयुर्वेद आयुर्वेदिक आयुर्वेदिक उपचार आयुर्वेदिक औषधियां आयुर्वेदिक सीरप-Ayurvedic Syrup आयुर्वेदिक-Ayurvedic आरोग्य आँव आंव आंवला आंवला जूस आंवला रस आशावादी-Optimistic आसन आसान प्रसव-Easy Delivery आहार चार्ट आहार-Food आॅपरेशन आॅर्गेनिक इच्छा-शक्ति इन्द्रायण इन्फ्लुएंजा इमर्जेंसी में होम्योपैथी इमली-Tamarind Tree इम्युनिटी इलाज इलाज का कुल कितना खर्चा इलायची उच्च रक्तचाप उच्च रक्तचाप-High Blood Pressure-Hypertension उत्तेजक उत्तेजना उदर शूल-Abdominal Haul उदासी उन्माद-Mania उपवास उम्र उल्टी ऊर्जा एक्जिमा एक्यूप्रेशर एग्जिमा एजिंग-Aging एंटी ऑक्सीडेंट्स एंटी-ओक्सिडेंट एंटीऑक्सीडेंट एण्टी-आॅक्सीडेंट एनजाइना एमिनो एसिड एरंड एलर्जी एलर्जी-Allergy एलोवेरा एलोवेरा जूस एल्यूमीनियम ऐंठन ऐलोपैथ ऐसीडिटी ऑर्गेनिक ओमेगा 3 के स्रोत ओमेगा-3 ओर्गेनिक औषध-Drug औषधि सूची-Drug List औषधियों के नुकसान-Loss of drugs कचनार कचनार-Bauhinia Purpurea कटुपर्णी कड़वाहट कंडोम कद्दू कनेर कपास-COTTON कपिकच्छू कपूरीजड़ी कफ कब्ज कब्ज़ कब्ज-कोष्ठबद्धता-Constipation कब्ज. Cucumber कब्जी कमजोरी कमर कमर दर्द करेला कर्ण वेदना कर्णरोग कष्टार्तव-Dysmenorrhea कांच निकलना काजू कान कानून सम्मत काम काम शक्ति कामवाण पाउडर कामशक्ति कामशक्ति-Sexual power कामेच्छा कामोत्तेजना कायाकल्प कार्बोहाइड्रेट कार्बोहाइड्रेट-Carbohydrates काला जीरा काला नमक काली जीरी काली तुलसी काले निशान कास-खांसी-Cough किडनी किडनी संक्रमण किडनी स्‍टोन कीड़े कीमोथेरेपी कुकरौंधा कुकुंदर कुटकी-Black Hellebore कुबडापन कुल्थी कुल्ला कुष्ट कुष्ठ कृमि केला केसर कैफीन-Caffeine कैलोरी कैलोरी चार्ट कैलोरी-Calories कैवांच कैविटी कैंसर कॉफी कॉफ़ी कॉलेस्ट्रॉल कोंडी घास कोढ़ कोबरा कोलेस्‍ट्रॉल कोलेस्ट्रॉल-Cholesterol कोलेस्ट्रोल कौंच कौमार्य क्रियाशीलता क्रोध क्षय रोग-Tuberculosis क्षारीय तत्व क्षुधानाश खजूर खजूर की चटनी खनिज खरबूजा-Musk melon खरेंटी खरैंटी शिलाजीत खाज खांसी खिरेंटी खिरैटी खीरा खुजली खुशी-Joy खुश्की खुश्बू खोया गंजापन-Baldness गठिया गठिया-Arthritis गठिया-Gout गड़तुम्बा गंडा-ताबीज गंध गन्ने का रस गरमा गरम गर्भ निरोधक गर्भधारण गर्भपात गर्भवती गर्भवती कैसे हों? गर्भावस्था गर्भावस्था की विकृतियां-Disorders of Pregnancy गर्भावस्था के दौरान संभोग-Sex During Pregnancy गर्भावस्था-Pregnancy गर्भाशय गर्भाशय भ्रंश गर्भाशय-उच्छेदन के साइड इफेक्ट्स-Side Effects of Hysterectomy गर्म पानी गर्मी गर्मी-Heat गलगण्ड गाजर गाजवां गांठ गाँठ-Knot गारंटी गाल ब्लैडर गिलोय गिल्टी गुड़हल गुंदा गुदाभ्रंश गुर्दे गुलज़ाफ़री गुस्सा गृध्रसी गृह-स्वामिनी गेदुआ की छाछ गैस गैस्ट्रिक गोक्षुरादि चूर्ण गोखरू गोखरू (LAND CALTROPS) गोंद कतीरा-Hog-Gum गोंदी गोभी-Cabbage गोरख मुंडी गोरखगांजा गोरखबूटी गोरखमुंडी ग्रीन-टी घमोरी घरेलु ​नुस्खे घाघरा घाव चकवड़ चक्कर चपाती चमत्कारिक सब्जियां चरित्र चर्बी चर्म चर्म रोग चर्मरोग चाय चाय-Tea चालीस के पार-Forty Across चिकनगुनिया चिकित्सकीय चिंतित चिरायता-Absinth चिरोटा चुंबन चोक चौलाई छपाकी छरहरी काया छाछ छाले छींक छीकें छुअ छुआरा छुहारा छोटा गोखरू छोटा धतूरा छोटी हरड़ जंक फूड जकवड़ जंगली तिल्ली जंगली पेड़ जंगली-कटीली चौलाई जटामांसी-Spikenard जलजमनी जलन जलोदर रोग-Ascites Disease जवारा जवारे जवासा-Alhag जहर जामुन का जूस जायफल जिगर जीरा जीवन रक्षक जीवनी शक्ति जुएं जुकाम जुदाई जुलाब जूएं जूस जूस-Juice जोड़ों के दर्द जोड़ों में दर्द जौ ज्यूस ज्योति ज्वर ज्वर-Fiver झाइयाँ झांईं झाड़-फूंक झुर्रियाँ झुर्रियां झुर्री झूठे दर्द टमाटर का रस टमाटर-Tomatoes टाइफाइड टाटबडंगा टायफायड टूटी हड्डी टॉन्सिल टोटला ट्यूमर ठंड ठंडापन ठेकेदार डॉक्टर डकार डकारें डायबिटीज डायरिया डिग्री फ़ारेनहाइट डिग्री सेल्सियस डिजिसेक्सुअल डिटॉक्सीफाई डिटॉक्सीफिकेशन डिनर डिब्बाबंद भोजन डिलेवरी डीकामाली डीगामाली डेंगू डेंगू-Dengue डॉ. निरंकुश डॉ. पुरुषोत्तम मीणा 'निरंकुश' डॉ. मीणा ढकार ढीलापन ढीली योनि तकलीफ का सही इलाज तंत्र-मंत्र तम्बाकू तरबूज-Watermelon तलाक ताकत तिल तिल्ली तुंबा तुंबी तुलसी तेल त्रिदोषनाशक त्रिफला त्वचा त्वचा रोग थकान थाईरायड थायरायड-Thyroid थायरॉइड दण्डनीय अपराध दंत वेदना दन्तकृमि दन्तरोग दमा दर वेदना दर्द दर्द निवारक दर्द निवारक दवा दर्दनाक दस्त दही दाग-धब्बे-Stains-Spots दाढ़ दांत दांतो में कैविटी-Teeth Cavity दाद दाम्पत्य दाम्पत्य विवाद सलाहकार दाम्पत्य-Conjugal दाल दालचीनी दालें दिमांग दिल दीर्घायु दु:खी दुर्गंध दुर्बलता दुष्प्रभाव दुष्प्रभावरहित दूध दूध वृद्धि दूधी दूधी-Milk Hedge दृष्टिदोष दो मन द्रोणपुष्पी-Leucas Cephalotes धड़कन धनिया बीज धनिया-Coriander धमासा धातु धातु पतन धार्मिक धूम्रपान छोड़ना चाहते हैं? धैर्यहीन नज़ला नपुंसकता नाक नाखून नागबला नागरमोथा नाडी हिंगु नाड़ी हिंगु (डिकामाली) नामर्दी नारकीय पीड़ा नारियल नाश्ता निमोनिया निम्न रक्तचाप निम्बू नियासिन निराश निरोगधाम निर्गुण्डी निर्गुन्डी निष्कपट स्नेह निष्ठा निसोरा नींद नींबू नींबू-Lemon नीम-azadirachta indica नुस्खे नुस्खे-Tips नेगड़ नेत्र रोग नेुचरल नैतिक नॉर्मल डिलेवरी नोनिया नौसादर न्युमोनिया-Pneumonia न्यूरॉन्स पक्षघात पंचकर्म पढ़ने में मन लगेगा पंतजलि पत्तागोभी-CABBAGE पत्थर फोड़ी पत्थरचट्टा पत्नी पथरी पदार्थ पनीर पपीता पपीता-CARICA PAPPYA पमाड परदेशी लांगड़ी परम्परागत चिकित्सा परहेज पराठा परामर्श परिस्थिति पवाड़ पवाँर पाइल्स पाक-कला पाचक पाचन पाचनतंत्र पाचनशक्ति पाठक संख्या 16 लाख पार पाठक संख्या पंद्रह लाख पायरिया पारदर्शिता पारिजात पालक पालक-Spinach पित्त पित्ताशय पित्ती पिंपल-मुंहासे-Pimples-Acne पिरामिड पीलिया पीलिया-Jaundice पीलिया-कामला-Jaundice पुआड़ पुदीना पुनर्नवा-साटी-सौंटी-Punarnava पुरुष पुंसत्व पेचिश पेट के कीड़े पेट दर्द पेट में गैस पेट रोग पेड़ पेद दर्द पेशाब पेशाब में रुकावट पेंसिल थेरेपी-Pencil Therapy पौधे पौरुष पौष्टिक रागी रोटी प्याज-Onion प्यास प्रजनन प्रतिरक्षा प्रतिरक्षा प्रणाली प्रतिरोधक प्रतिरोधक-Resistance प्रदर प्रमेह प्रवाहिका (पेचिश)-Dysentery प्रसव प्रसव सुरक्षा चक्र प्रसव-पीड़ा प्रसूति प्राणायाम प्रेग्नेंसी-Pregnancy प्रेम प्रेमरस प्रेमिका प्रेमी प्रोटीन प्रोटीन का कार्य प्रोटीन के स्रोत प्रोस्टेट प्रोस्टेट ग्रन्थि प्लीहा प्लूरिसी-Pleurisy प्लेटलेट्स फफूंद-Fungi फरास फल फल-Fruit फाइबर फिटकरी फुंसी-Pimples फूलगोभी-CAULIFLOWER फेंफड़े फेरम फॉस फैट फैटी लीवर फोटोफोबिया फोड़ा फोड़े-Boils फोरप्ले फोलिक एसिड फ्लू फ्लू-Flu फ्लेक्स सीड्स बकायन बकुल बड़ी हरड़ बथुआ बथुआ पाउडर बथुआ-White Goose Foot बदबू बबूल-ACACIA बरसाती बीमारियाँ बरसाती बीमारियां बलगम बलवृद्धि बला बलात्कार बवासीर बहरापन बहुनिया बहुमूत्रता- बांझपन बादाम-Almonds बादाम. बाल बाल झड़ना बाल झडऩा-Hair Falling बिना सिजेरियन मां बनें बिवाई बीजबंद बीड़ी बीमारियों के अनुसार औषधियां बीमारी बुखार बूंद-बूंद पेशाब बेल बेली बैक्टीरिया बॉयोकैमी ब्र​ह्मदण्डी ब्रेस्ट ग्रोथ ब्लड प्रेशर ब्लैक मेलिंग ब्लॉकेज भगंदर भगंदर-Fistula-in-ano भगनासा भगन्दर भगोष्ठ भड़भांड़ भय भविष्य भस्मक रोग भावनात्मक भुई आंवला-Phyllanthus Niruri भूई आमला भूई आंवला भूख भूख बढ़ाने भूमि भूमि आंवला भोजनलीवर मकोय मकोय-Soleanum nigrum मंजीठ मटर-PEA मंद दृष्टि मंदाग्नि मदार मधुमेह मधुमेह-Diabetes मन्दाग्नि-Dyspepsia मरुआ मरोड़ मर्द मर्दाना मलाशय मलेरिया मलेरिया (Malaria) मवाद मसाले मस्तिष्क मस्से मस्से-WARTS महंगा इलाज महत्वपूर्ण लेख महाबला माइग्रेन माईग्रेन माईंड सैट माजूफल मानवव्यवहार मानसिक मानसिक लक्षण मानसिक-Mental मानिसक तनाव-Mental Stress मायोपिया मासिक मासिक-धर्म मासिकधर्म मासिकस्राव माहवारी मिनरल मिर्गी मिर्च-Chili मीठा खाने की आदत मुख मैथुन-ओरल सेक्स-Oral Sex मुख्य लक्षण मुधमेह मुलहठी मुलेठी मुहाँसे मूँगफली मूड डिस्ऑर्डर-Mood Disorders मूत्र मूत्र असंयमितता मूत्र में जलन-Burning in Urine मूत्राशय मूत्रेन्द्रिय मूर्च्छा (Unconsciousness) मूली मूली कर रस मृत्यु मृत्युदण्ड मेथी मेथी दाना मेंहदी मैथुन मोगरा (Mogra) मोटापा मोटापा-Obesity मोतियाबिंद मौत मौलसिरी मौसमी बीमारियां यकृत यकृत प्लीहा यकृत वृद्धि-Liver Growth यकृत-लीवर-जिगर-Lever यूपेटोरियम परफोलियेटम यूरिक एसिड लेबल योग विज्ञापन योन योन संतुष्टि योनि योनि ढीली योनि शिथिल योनि शूल-Vaginal Colic योनि संकोचन योनिभ्रंश योनी योनी संकोचन यौन यौन आनंद यौन उत्तेजक पिल्स (sexual stimulant pills) यौन दौर्बल्य यौन शक्तिवर्धक यौन शिक्षा यौन समस्याएं यौनतृप्ति यौनशक्ति यौनशिक्षा यौनसुख यौनानंद यौनि रक्त प्रदर (Blood Pradar) रक्त रोहिड़ा-TECOMELLA UNDULATA रक्तचाप रक्तपित्त रक्तशोधक रक्ताल्पता रक्ताल्पता (एनीमिया)-Anemia रस-juices रातरानी Night Blooming Jasmine/Cestrum nocturnum रामबाण रामबाण औषधियाँ-Panacea Medicines रुक्षांश रूढिवादी रूसी रूसी मोटापा रेचक रेठु रोग प्रतिरोधक रोबोट सेक्स रोमांस लकवा लक्षण लक्ष्मी लंच लसोड़ा लस्सी लहसुन लहसुन-Garlic लाइलाज लाइलाज का इलाज लाक्षणिक इलाज लाक्षणिक जानकारी लाभ लिंग लिंग प्रवेश लिसोड़ा लीकोरिया लीवर लीवर सिरोसिस लीवर-Liver लू-hot wind लैंगिक लोनिया लौकी लौंग की चाय ल्युकोरिया ल्यूकोरिया ल्यूज योनी वजन वज़न वजन कम वजन बढाएं-Weight Increase वन तुलसी वन/जंगली तुलसी वनौषधियाँ वमन वमन विकृति-Vomiting Distortion वसा वात वात श्लैष्मिक ज्वर वात-Rheumatism वायरल वायरल फीवर वायरल बुखार-Viral Fever वासना विचारतंत्र विटामिन विधारा वियाग्रा-Viagra वियोग विरह वेदना विलायती नीम विवाहेत्तर यौन सम्बन्ध विवाहेत्तर सम्बंध विश्वास विष विष हरनी विषखपरा वीर्य वीर्य वृद्धि वीर्यपात वृक्कों (गुर्दों) में पथरी-Renal (Kidney) Stone वृक्ष वैज्ञानिक वैधानिक वैवाहिक जीवन वैवाहिक जीवन-Marital वैवाहिक रिश्ते वैश्यावृति व्याकुल व्‍यायाम व्रण शंखपुष्पी शरपुंखा शराब शरीफा-सीताफल-Custard apple शर्करा शलगम-Beets शल्यक्रिया शहद शहद-Honey शारीरिक शारीरिक रिश्ते शिथिलता शीघ्र पतन शीघ्रपतन शुक्राणु-Sperm शुक्राणू शुगर शोक शोथ शोध श्योनाक श्रेष्ठतर श्वास श्वांस श्वेत प्रदर श्वेत प्रदर-Leucorrhea श्वेतप्रदर षड़यंत्र संकुचन संकोच संक्रमण संक्रमित संखाहुली संतरा-Orange संतान संतुष्टि सत्यानाशी सदा सुहागन सदाफूली सदाबहार सदाबहार चूर्ण सनबर्न सफ़ेद दाग सफेद पानी सफेद मूसली सब्जि सब्जियां-Vegetables सब्जी संभालू संभोग समर्पण-Dedication सरकार को सुझाव सरफोंका सरहटी सर्दी सर्दी जुकाम-Cold सर्दी-जुकाम सर्पक्षी सर्पविष सलाद संवाद संवेदना सहदेई सहदेवी सहानभूति साइटिका साइटिका-Sciatica साइड इफेक्ट्स साबूदाना-Sago सायटिका सिगरेट सिजेरियन सिर दर्द सिर वेदना सिरका सिरदर्द सिरोसिस सी-सेक्शन सीजर डिलेवरी सुगर सुदर्शन सुहागा सूखा रोग सूजन सेक्‍स सेक्स उत्तेजक दवा सेक्स परामर्श-Sex Counseling सेक्स पार्टनर सेक्स पावर सेक्स समस्या सेक्स हार्मोन सेक्‍स-Sex सेंधा नमक सेब सेमल-Bombax Ceiba सेल्स सोजन-सूजन सोंठ सोना पाठा सोयाबीन सोयाबीन (Soyabean) सोयाबीन-Soyabean सोराइसिस सोरियासिस-Psoriasis सौंठ सौंदर्य सौंदर्य-Beauty सौन्दर्य सौंफ सौंफ की चाय सौंफ-Fennel स्किन स्खलन स्तन स्तन वृद्धि स्तनपान स्तम्भन स्त्री स्त्रीत्व स्त्रैण स्पर्श स्मृति-लोप स्वप्न दोष स्वप्नदोष स्वप्नदोष-Night Fall स्वभाव स्वभावगत स्वरभंग स्वर्णक्षीरी स्वस्थ स्वास्थ्य स्वास्थ्य परामर्श स्वास्थ्य रक्षक सखा हजारदानी हड़जोड़ हड्डी हड्डी में दर्द हड्डी संक्रमण हड्डीतोड़ ज्वर हड्डीतोड़ बुखार हरड़ हरसिंगार हरी दूब-CREEPING CYNODAN हरीतकी हर्टबर्न हस्तमैथुन हस्तमैथुन-Masturbation हाई बीपी हाथ-पैर नहीं कटवायें हारसिंगार हालात हिचकी हिचकी-Hiccup हिमोग्लोबिन-hemoglobin हिस्टीरिया हिस्टीरिया-Hysteria हींग हीनतर हुरहुर हुलहुल हृदय हृदय-Heart हेपेटाइटिस हेपेटाईटिस हेल्थ टिप्स-Health-Tips हेल्थ बुलेटिन हैजा हैपीनेस-Happiness हैल्थ होम केयर टिप्स-Home Care Tips होम्योपैथ होम्योपैथिक होम्योपैथिक इलाज होम्योपैथिक उपचार होम्योपैथी होम्योपैथी-Homeopathy